मालपुरा (सच्चा सागर)। उपखंड क्षेत्र के टोरडी गांव में आयोजित सप्त दिवसीय श्री शिव महापुराण ज्ञानयज्ञ में रविवार को श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। वृंदावन धाम से पधारे कथा वाचक राजीव कृष्ण महाराज ने भगवान शिव एवं माता सती के दिव्य प्रसंग, शिव-पार्वती तप कथा तथा भगवान शिव और माता पार्वती के पावन विवाह का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के दौरान उपस्थित श्रद्धालु भगवान शिव की महिमा और माता पार्वती की अटूट भक्ति का श्रवण कर मंत्रमुग्ध हो गए। शिव-पार्वती विवाह प्रसंग का सजीव वर्णन सुनकर पंडाल भक्तिमय वातावरण से गुंजायमान हो उठा। श्रद्धालुओं ने पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ शिव-पार्वती विवाह में प्रतीकात्मक कन्यादान किया तथा महाआरती में भाग लेकर पुण्य लाभ अर्जित किया। शिव महापुराण कथा को लेकर टोरडी सहित आसपास के गांवों के श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचकर धर्म, भक्ति और ज्ञान की अमृतधारा का रसपान कर रहे हैं। कथा आयोजन में दानदाताओं एवं ग्रामवासियों का भी सराहनीय सहयोग मिल रहा है, जिससे आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हो रहा है। वहीं सोमवार, 1 जून को श्री शिव महापुराण कथा की पूर्णाहुति एवं भव्य समापन होगा। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, महाआरती का आयोजन किया जाएगा। श्रद्धालुओं में समापन दिवस को लेकर भी विशेष उत्साह बना हुआ है।
मालपुरा (सच्चा सागर)। उपखंड क्षेत्र के टोरडी गांव में आयोजित सप्त दिवसीय श्री शिव महापुराण ज्ञानयज्ञ में रविवार को श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। वृंदावन धाम से पधारे कथा वाचक राजीव कृष्ण महाराज ने भगवान शिव एवं माता सती के दिव्य प्रसंग, शिव-पार्वती तप कथा तथा भगवान शिव और माता पार्वती के पावन विवाह का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के दौरान उपस्थित श्रद्धालु भगवान शिव की महिमा और माता पार्वती की अटूट भक्ति का श्रवण कर मंत्रमुग्ध हो गए। शिव-पार्वती विवाह प्रसंग का सजीव वर्णन सुनकर पंडाल भक्तिमय वातावरण से गुंजायमान हो उठा। श्रद्धालुओं ने पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ शिव-पार्वती विवाह में प्रतीकात्मक कन्यादान किया तथा महाआरती में भाग लेकर पुण्य लाभ अर्जित किया। शिव महापुराण कथा को लेकर टोरडी सहित आसपास के गांवों के श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचकर धर्म, भक्ति और ज्ञान की अमृतधारा का रसपान कर रहे हैं। कथा आयोजन में दानदाताओं एवं ग्रामवासियों का भी सराहनीय सहयोग मिल रहा है, जिससे आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हो रहा है। वहीं सोमवार, 1 जून को श्री शिव महापुराण कथा की पूर्णाहुति एवं भव्य समापन होगा। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, महाआरती का आयोजन किया जाएगा। श्रद्धालुओं में समापन दिवस को लेकर भी विशेष उत्साह बना हुआ है।
