रानोली (सच्चा सागर)। ग्राम पंचायत रानोली द्वारा कस्बे में कीचड़ से राहत दिलाने के उद्देश्य से रावला चौक से नाइयों के मोहल्ले तक करीब डेढ़ साल पहले सीसी रोड का निर्माण करवाया गया था, लेकिन अब निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। सडक़ जगह-जगह से टूट गई है और कई स्थानों पर गहरे गड्ढे बन गए हैं। सडक़ क्षतिग्रस्त होने से सीमेंट के बड़े-बड़े पत्थर रास्ते में बिखर गए हैं, जिससे राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं वाहन चालकों के लिए भी मार्ग जोखिमभरा बन गया है और आए दिन वाहन गड्ढों में फंस रहे हैं। पूर्व वार्ड पंच गिर्राज सेन ने आरोप लगाया कि सडक़ निर्माण में निर्धारित मापदंडों की पालना नहीं की गई। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य में सीमेंट की मात्रा बेहद कम इस्तेमाल की गई, जिसके चलते सडक़ इतनी कम अवधि में ही टूटकर क्षतिग्रस्त हो गई। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से सडक़ की जल्द मरम्मत करवाने तथा निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने वाले जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है।
रानोली (सच्चा सागर)। ग्राम पंचायत रानोली द्वारा कस्बे में कीचड़ से राहत दिलाने के उद्देश्य से रावला चौक से नाइयों के मोहल्ले तक करीब डेढ़ साल पहले सीसी रोड का निर्माण करवाया गया था, लेकिन अब निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। सडक़ जगह-जगह से टूट गई है और कई स्थानों पर गहरे गड्ढे बन गए हैं। सडक़ क्षतिग्रस्त होने से सीमेंट के बड़े-बड़े पत्थर रास्ते में बिखर गए हैं, जिससे राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं वाहन चालकों के लिए भी मार्ग जोखिमभरा बन गया है और आए दिन वाहन गड्ढों में फंस रहे हैं। पूर्व वार्ड पंच गिर्राज सेन ने आरोप लगाया कि सडक़ निर्माण में निर्धारित मापदंडों की पालना नहीं की गई। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य में सीमेंट की मात्रा बेहद कम इस्तेमाल की गई, जिसके चलते सडक़ इतनी कम अवधि में ही टूटकर क्षतिग्रस्त हो गई। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से सडक़ की जल्द मरम्मत करवाने तथा निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने वाले जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है।
